एक दिल और एक प्यार करने लगा है...!



एक दिल और एक प्यार करने लगा है.
पहलेवाला यादों से बरबाद करने लगा है.
सवरने लगा हुं फिरसे तो क्या हो गया ?
छोडकर बिखराने का इरादा वो करने लगा है.
उनसे मेरा वा-बस्ता इनदिनों.
इनदिनों मुझे भूल जाने वो लगा है.
कबतक उसको याद मै रखु दिल में ?
वो तो मुझे भूल जाने का बहाना करने लगा है.
अब जो फिर रहा हुं मै किसी और के साथ
तो वो मुझसे मुह छुपा कर चलने लगा है.
एक दिल और एक प्यार करने लगा है.
मेरा दिल उसपर, उसका किसी गैर पर मरने लगा है.
अब जो मन्नत करता हुं सलामत रहे मेरा प्यार नया.
वो समझता है मै मर गया और रोने लगा है.
बस बाद बात मै खो रहा हुं नया प्यार लेके.
वो तो चला गया बताओ उसे के ‘अजिके’ अब जिने लगा है....

Post a Comment

0 Comments

close